Posts

Showing posts from October, 2025

बिहार की राजनीति में जातियों की भूमिका

भारत जैसे विविधता वाले देश में , जहाँ समाज कई जातियों , धर्मों और भाषायो में बँटा हुआ है , वहाँ राजनीति में जाति एक अहम भूमिका निभाती है। बिहार में मुख्यतः यादव , कुर्मी , कुशवाहा , ब्राह्मण , राजपूत और भूमिहार जातियाँ पाई जाती हैं। इनमें सबसे अधिक जनसंख्या यादव , दलित और अन्य पिछड़ा वर्ग की है। यही कारण है कि हर राजनीतिक पार्टी अपनी रणनीति जातिगत समीकरणों को ध्यान में रखकर ही बनाती है , ताकि अधिक से अधिक वोट हासिल किए जा सकें। जातियों की भूमिका बिहार की राजनीति में हमेशा से अहम रही है और चुनावी नतीजों को काफी हद तक प्रभावित करती है। अन्य राज्यों की तरह ही बिहार में भी राजनीति पर लंबे समय तक ऊँची जातियों का दबदबा रहा है। लेकिन 1990 में जब मंडल आयोग की सिफारिशें लागू हुईं , तब दलितों , यादवों और अन्य पिछड़े वर्गों को भी राजनीति में भागीदारी का मौका मिला। इसी बदलाव के चलते लालू प्रसाद यादव , नीतीश कुमार और रामविलास पासवान जैसे नेता उभरकर सामन...